हजारीबाग रोड रेलवे स्टेशन की उपेक्षा के खिलाफ झामुमो का जोरदार प्रदर्शन, स्टेशन को ग्रेड ‘बी’ का दर्जा देने सहित कई मांगें उठीं
गिरिडीह
हजारीबाग रोड रेलवे स्टेशन की वर्षों से हो रही उपेक्षा से नाराज़ झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के कार्यकर्ताओं ने सोमवार को जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत त्रिभुवन मंडल के नेतृत्व में सैकड़ों महिला-पुरुष कार्यकर्ता झामुमो कार्यालय से जुलूस की शक्ल में निकले और रेलवे स्टेशन के बुकिंग ऑफिस के सामने धरने पर बैठ गए।
धरना की कमान अशोक मंडल ने संभाली, जबकि कार्यक्रम का संचालन कृष्ण मुरारी पांडे ने किया। प्रदर्शन के दौरान स्टेशन परिसर नारेबाजी से गूंज उठा और रेलवे प्रशासन के खिलाफ जमकर आक्रोश देखने को मिला।
धरना के दौरान प्रमुख मांगें स्पष्ट रूप से रखी गईं। इसमें हजारीबाग रोड रेलवे स्टेशन को ग्रेड “बी” का दर्जा देने, धनबाद से मुंबई के लिए नई सीधी ट्रेन चलाने तथा हावड़ा-जोधपुर एक्सप्रेस, रांची-नई दिल्ली राजधानी एक्सप्रेस, वंदे भारत, झारखंड स्वर्ण जयंती एक्सप्रेस और पूर्वा एक्सप्रेस सहित अन्य प्रमुख ट्रेनों का ठहराव सुनिश्चित करने की मांग शामिल थी।
सभा को संबोधित करते हुए त्रिभुवन मंडल ने कहा कि अब तक यहां से चुने गए सांसद और विधायक स्टेशन की समस्याओं को लेकर गंभीर नहीं रहे। जनप्रतिनिधियों की उदासीनता के कारण जनता को खुद सड़कों पर उतरना पड़ रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मांगों पर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
झारखंडी एकता संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष असलम अंसारी ने कहा कि ब्रिटिश काल से चल रही कोलकाता-मुंबई मेल आज भी पुराने ढर्रे पर चल रही है। धनबाद से मुंबई के लिए सीधी ट्रेन शुरू होने से न केवल यात्रियों को राहत मिलेगी, बल्कि झारखंड के आर्थिक और सामाजिक विकास को भी गति मिलेगी।
धरना समाप्ति के बाद स्टेशन प्रबंधक के माध्यम से डीआरएम धनबाद को मांगों से संबंधित ज्ञापन सौंपा गया। इस आंदोलन को झारखंडी एकता संघ और रेल यात्री सुविधा संघ का भी समर्थन प्राप्त हुआ।
मौके पर शंकर मंडल, राजू मंडल, अलीमुद्दीन अंसारी, काजिम अंसारी, मास्टर अली, रफीक अंसारी, गिरधारी पासवान, टिंकू गुप्ता सहित बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे।












